महिला डॉक्टर के अस्पताल में बचपन बचाओं का नारा और घर पर ना​बालिग से काम

महिला डॉक्टर के अस्पताल में बचपन बचाओं का नारा और घर पर ना​बालिग से काम

देहरादून(अरुण शर्मा)। देहरादून की एक महिला डॉक्टर के घर से 10 साल की बच्ची को बरामद किया गया है। मानव तस्करी से जोड़कर इस मामले की जांच की जा रही है। मामला देहरादून के पॉश इलाके रेसकोर्स वैली का बताया जा रहा हैं। जानकारी के अुनसार बच्ची को लखीमपुर खीरी से लाया गया था और वह करीब 15 दिन से डॉक्टर के घर पर रह रही थी।

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आरोपी डॉक्टर शहर के एक प्राइवेट अस्पताल में कार्यरत हैं। बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष ऊषा नेगी और बाल कल्याण समिति के सुधीर भट्ट मौके पर मौजूद रहे। मामले की एफआईआर कोतवाली पल्टन बाजार में लिखी गई है।

बचपन बचाओ आंदोलन के सुरेश उनियाल, चाइल्ड लाइन की दीपा और ह्यूमन ट्रैफिकिंग सेल की टीम कोतवाली में मौजूद है। फिलहाल बच्ची को बाल निकेतन भेज दिया गया हैं।

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