इस गौ कथाकार की चुनाव लड़ने की घोषणा ने नेताओं की उड़ायी नीद

इस गौ कथाकार की चुनाव लड़ने की घोषणा ने नेताओं की उड़ायी नीद

देहरादून(अरुण शर्मा)। लोकसभा चुनाव में जंहा एक तरफ सभी नेता अपनी अपनी दावेदारी में लगें हुए है तो इन सब के बीच गौ क्रांति के अग्रदूत कहे जाने वाल गौ कथाकार गोपालमणी ने भी चुनाव लड़ने का मन बना लिया हैं। सोमवार को पत्रकारों से बात करते हुए गोपाल मणि ने बताया कि वे इस लोकसभा चुनाव में अपनी दावेदारी भी पेश करेगें। उन्होने चुनाव लड़ने के पिछे अपने उददेश्य का ज्रिक करते हुए कहा कि गांय को राष्ट्र माता घोषित कराने को लेकर वे चुनाव में दम भर रहे हैं। गौ कथाकार ​टिहरी लोकसभा से अपनी दावेदारी पेश करेगें।

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गो क्रांति मंच के अग्रदूत आचार्य गोपालमणि महाराज अब चुनाव में दम भर कर गांय को राष्ट्र माता का दर्जा दिलाने की तैयारी कर रहे हैं। गोपालमणि ने बीजेपी कांग्रेस से दूरी बनाए हुए निर्दलीय चुनाव मैदान में जाने ।कानिर्णय लिया है उन्होंने कहा कि वे निशंक से लेकर टिहरी संसद तक के सहित दोनों दलों के सभी बड़े नेताओं के पास गए लेकिन किसी ने भी उनकी बात को संसद में रखने की हिम्मत नहीं दिखाई

आपकों बता दें कि गोपालमणि पिछले काफी समय से गांय को राष्ट्र माता का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर लगातार आंदोलन कर रहे हैं । पिछले दिनो देहरादून में गो राष्ट्रमाता प्रतिष्ठा महारैली का आयोजन किया था जिसमें सरकार और विपक्ष के कई बड़े नेताओं ने भाग लिया था। गोपाल​मणि ने बताया कि पचास से अधिक विधायक गो माता को राष्ट्रमाता बनाने का लिखित आश्वासन दे चुके हैं।

गोपालमणि ने बताया कि चुनाव में जाने का उनका केवल एक ही उददेश्य है जिसमें गो क्रांति को सफल बनाने और हर घर में गो पालन से लेकर गोबर, गोमूत्र को सीधे रोजगार से जोड़ने की व्यवस्था करना शामिल होगा। गो हत्यारों को मृत्युदंड का प्रावधान जिसकी प्रमुख मांग हैं। उनकी दावेदारी करने की सूचना ने राजनितिक दलों के बीच हलचल पैदा करने का काम जरुर कर दिया हैं।

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